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बैलेट पेपर से चुनाव में भी कांग्रेस की हार, भाजपा की जीत पर बोले विश्वास सारंग—‘दूध का दूध, पानी का पानी’

भोपाल। मध्य प्रदेश के मंत्री विश्वास सारंग ने एमएलसी चुनाव के नतीजों को लेकर कांग्रेस और विपक्ष पर निशाना साधा है। उन्होंने दावा किया कि बैलेट पेपर से चुनाव होने के बावजूद कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ा और भाजपा ने प्रचंड बहुमत से जीत दर्ज की। सारंग ने कहा कि इन नतीजों ने कांग्रेस के उन दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं, जिनमें बैलेट पेपर से चुनाव होने पर परिणाम अलग आने की बात कही जाती थी।

मंत्री विश्वास सारंग ने कहा कि कांग्रेस का तर्क था कि बैलेट पेपर से चुनाव होने पर नतीजे अलग होंगे, लेकिन इस चुनाव में बैलेट पेपर का इस्तेमाल होने के बावजूद भाजपा को जीत मिली। उन्होंने दावा किया कि जहां कांग्रेस की सरकार है, वहां भी भाजपा ने जीत दर्ज की है। सारंग ने चुनाव परिणाम को ‘दूध का दूध और पानी का पानी’ बताते हुए कहा कि भाजपा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थन में माहौल है।

उन्होंने राहुल गांधी और विपक्ष के नेताओं पर निशाना साधते हुए उनसे झूठ और अराजकता फैलाना बंद करने को कहा। सारंग ने कहा कि चुनाव ईवीएम से हों या बैलेट पेपर से, कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ेगा।

हरदीप सिंह पुरी को काले झंडे दिखाने के बयान पर भी कांग्रेस को घेरा

मध्य प्रदेश से राज्यसभा प्रत्याशी हरदीप सिंह पुरी को काले झंडे दिखाने संबंधी जीतू पटवारी के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए विश्वास सारंग ने कांग्रेस पर सिख समुदाय के प्रति विरोधी मानसिकता रखने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को हरदीप सिंह पुरी से इसलिए परेशानी है, क्योंकि वह सिख समुदाय से आते हैं।

सारंग ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने कई मौकों पर सिखों का अपमान किया है और उनके खिलाफ हिंसा हुई है। उन्होंने कहा कि यदि जीतू पटवारी का बयान इसी मानसिकता को दर्शाता है, तो यह सिख समुदाय के प्रति कांग्रेस के रवैये पर सवाल खड़े करता है।

मंत्री ने इंदौर में सिख समाज द्वारा कमलनाथ के बहिष्कार का भी उल्लेख किया और आरोप लगाया कि कांग्रेस के नेता सिख समुदाय के खिलाफ हैं। उन्होंने कहा कि हरदीप सिंह पुरी का विरोध केवल एक व्यक्ति का विरोध नहीं, बल्कि सिख समुदाय के प्रति विरोध के रूप में देखा जाना चाहिए।

विश्वास सारंग के ये बयान कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप के बीच आए हैं। उनके द्वारा लगाए गए आरोपों पर कांग्रेस की प्रतिक्रिया इस बयान में शामिल नहीं है।

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